What is Accident in Fitter

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What is Accident in Fitter :- किसी भी व्यक्ति के साथ अनिश्चित समय एवं ना चाहते हुए जो घटना उसके साथ घटित होती हैै उसे दुर्घटना कहते हैं। जिससे धन जान कि काफी क्षति होती है।

Cause of Accident (वर्कशॉप में दुर्घटना के विभिन्न कारण निम्नलिखित हैं)

  • श्रमिक की लापरवाही।
  • श्रमिक की अज्ञानता।
  • मशीन की खराब दशा।
  • औजारों की खराब स्थिति।
  • श्रमिक का कार्य में अधिक आत्मविश्वास।
  • श्रमिक की कार्य में कम रुचि।
  • मजदूरों के द्वारा कार्य करने की सही विधि का प्रयोग ना करना।
  • श्रमिक द्वारा कार्य के अनुसार उचित हजारों का प्रयोग न करना।
  • श्रमिक की मानसिक दशा ठीक ना होना।
  • मशीन के गतिशील पुरजोर जैसे गियर बेल्ट, पुली आदि पर Guard का प्रयोग ना करना।
  • श्रमिक का पोशाक ठीक नहीं होना।
  • उत्पादित पूर्वजों को सही स्थान पर नहीं रखना।
  • वर्कशॉप में बिजली और लाइट की व्यवस्था ठीक नहीं होना।
  • श्रमिकों में अनुशासन की कमी होना।

Good House Keeping

वर्कशॉप में जमीन की सतह ग्रिश तेल फिसलने वाले पदार्थ से मुक्त रहता है तथा अच्छी तरह साफ सुथरा रहता है उसे good house keeping कहते हैं। साथ ही साथ रोशनी का उत्तम प्रबंध मशीनिंग बुझाने का साधन तथा सारी सुविधाएं रहता है।

Fire :- आग लगना एक प्रकार की विधि है जिसमें Heat Oxygen एवं Fuel से पैदा होती है। इसी तीनों के संयोग को fire triangle कहते हैं। इससे उस्मा एवं प्रकाश पैदा होती है।

Types of Fire :- आग विभिन्न प्रकार के होते हैं

1 Solid Fire / Carbonaceous Fire :- जो आग लकड़ी, कोयला, कोक आदि में लगे आग को Solid Fire or Carbonaceous Fire कहते हैं। इसे बुझाने के लिए पानी, रेत अथवा मिट्टी का इस्तेमाल किया जाता है। इसके अलावा Soda Acid Fire Extinguisher का प्रयोग किया जाता है। इसे ‘A’ श्रेणी मे रखा जाता है।

2 Oil Fire :- जो तेलिय पदार्थों जैसे पेट्रोल, केरोसिन तथा ग्रिस मैं लगती है उसे ऑयल फायर कहते हैं। इसे बुझाने के लिए Foam Fire Exting Kosher का इस्तेमाल किया जाता है। इसे ‘B’ श्रेणी में रखा जाता है।

3 Electrical Fire :- लूज बिजली का तार या गलत ढंग से बिजली के तार का प्रयोग करने से जो आग लगती है उसे इलेक्ट्रिक फायर कहते हैं। इसे बुझाने के लिए सर्वप्रथम मेन स्विच को बंद कर दिया जाता है। इसे ‘D’ श्रेणी में रखा जाता है।

4 Gas Fire :- किसी कारणवश जब गैस से आग लगती है तो गैस से लगे हुए आग को गैस फायर कहते हैं। इस को बुझाने के लिए Dry Louder Fire Extinguisher का प्रयोग किया जाता है।

Causes of Fire – आग लगने के विभिन्न कारण होते हैं।

  • बिजली के तारों का ढीला कनेक्शन होना।
  • तेज चलने वाले मशीन के भाग में उष्मा पैदा होना।
  • तेल से सने एवं भीगे कपड़े जगह-जगह बिखेरे होना।
  • वर्कशॉप में धूम्रपान करने से।
  • बिजली के तार पर ओवरलोड होने से।
  • बिजली के शार्ट सर्किट होने से।
  • विस्फोटक एवं ज्वलनशील पदार्थ उचित स्थान पर रखने से।

Preventive of Fire – आग रोकने का उपाय निम्नलिखित है।

  • बिजली के तारों का ढीला कनेक्शन नहीं होना चाहिए।
  • तेज चलने वाले मशीन के दो भागों के बीच में उष्मा को कम करने के लिए Lubricant का प्रयोग करना चाहिए।
  • तेल से समय एवं भीगे कपड़े एक निश्चित स्थान पर बंद बक्से में रखना चाहिए।
  • वर्कशॉप में धूम्रपान नहीं करना चाहिए।
  • बिजली के तार पर ओवर लोड करंट नहीं देना चाहिए।
  • विस्फोटक एवं ज्वलनशील पदार्थ नियत स्थान पर रखना चाहिए।
  • आग बुझाने के लिए वर्कशॉप में Fire Extinguisher रखना चाहिए।
  • आग फैलने पर तुरंत फायर ब्रिगेड को टेलीफोन कर उसकी सहायता लेनी चाहिए।

Fire Extinguisher :- यह आग बुझाने वाला यंत्र है। जो शंकु के आकार का होता है। इसे वर्कशॉप में उचित स्थान पर आग बुझाने के लिए लटकाया जाता है। इसमें आग के प्रयोग के अनुसार गैस या केमिकल भर दिए जाते हैं। यह विभिन्न आकारों में बने होते हैं। जो भिन्न-भिन्न आग पर काबू पाने के लिए प्रयोग किया जाता है।

Types of Fire Extinguisher – यह भिन्न-भिन्न आगो पर नियंत्रण करने के लिए विभिन्न प्रकार के बने होते हैं।

1 Soda Acid Fire Extinguisher – इसका प्रयोग लकड़ी, कोयला, कपड़ा आदि में लगी आग पर नियंत्रण करने के लिए प्रयोग किया जाता है। इस को पहचानने के लिए इसके सतह पर लगभग 100 mm Size का पीले रंग का हाथ बना होता है।

2 Foam Fire Extinguisher – इसका प्रयोग तैलीय आग को बुझाने के लिए किया जाता है। इस Extinguisher के बाहर एवं अंदर दो कंटेनर होते हैं। बाहरी कंटेनर में सोडा बाई कार्बोनेट का घोल और भीतरी कंटेनर में एलुमिनियम का घोल भरा रहता है। इस Extinguisher की पहचान के लिए इसके सतह पर भूरे रंग का 100 mm Size का हाथ बना होता है।

3 CTC Fire Extinguisher – बिजली से लगे आग पर काबू पाने के लिए तरल पदार्थों के लिए प्रयोग किया जाता है। इस Extinguisher मैं Karbonn Tetra chloride के तरह पदार्थ से भरा रहता है।

4 Dry Powder Fire Extinguisher – गैस में लगी आग को बुझाने के लिए इसका प्रयोग किया जाता है। इन सभी प्रकारों के अलावा भी कुछ और भी प्रकार हैं लेकिन जो भी महत्वपूर्ण थे मैंने ऊपर के पंक्तियों में बता दिया है। अगर आप लोगों को इससे जुड़ी कोई सवाल है तो आप हमें कमेंट भी कर सकते हैं।

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